गुरुग्राम: साइबर ठगों से कमीशन लेकर फर्जी बैंक अकाउंट खोलने के आरोप में पुलिस ने बैंक के रिलेशनशिप मैनेजर को गिरफ्तार किया है। जानकारी के अनुसार, आरोपी से 10 हजार रुपये कमीशन लेकर खाते खोलता था। मामले की जांच एक नवंबर 2025 को शुरू हुई, जब एक शख्स ने साइबर क्राइम थाना साउथ पुलिस को बताया कि उन्हें फर्जी ट्रेडिंग ऐप के जरिए स्टॉक मार्केट और आईपीओ में निवेश के जरिए मुनाफा कमाना का झांसा देकर ठग लिया गया है।
आरोपी बैंक मैनेजर दिल्ली का रहने वाला
एसीपी साइबर क्राइम प्रियाशु दीवान ने बताया कि इंस्पेक्टर नवीन कुमार की नेतृत्व में काम करते हुए पुलिस की टीम ने कार्रवाई करते हुए 6 आरोपियों को पकड़ा था। बुधवार को मामले में एक और आरोपी को काबू किया। इसकी पहचान अनूप निवासी बिजवासन, दिल्ली के रूप में हुई। अनूप ने एमबीए किया है और 2024 से आरबीएल बैंक सेक्टर, 14 गुड़गांव ब्रांच में रिलेशनशिप मैनेजर था। मामले में ठगी की रकम में से दो लाख रुपये तारा लॉजिस्टिक प्राइवेट लिमिटेड नाम की फर्म के बैंक खाते में ट्रांसफर हुए थे।
खाते खोलने पर 10 हजार रुपये का कमीशन मिला
आरोप है कि यह बैंक खाता अनूप ने ठगों के कहने पर खोला था। इसके बदले में उसे 10 हजार रुपये का कमीशन मिला था। सामने आया है कि आरोपी ठगों के कहने पर पांच खाते खोल चुका था। पहले 30 दिसंबर को पुलिस ने राजेंद्र पार्क एरिया से पांच आरोपियों को पकड़ा था, इनमें नेपाल का शेर बहादुर कार्की, मिलन थापा, यनजय राय, मनीष और पटियाला का विरेंद्र पाल शामिल हैं। पुलिस आरोपी अनूप को रिमांड पर लेने की तैयारी में हैं, ताकि पता लगे कि उसने और किन लोगों को खाते उपलब्ध कराए थे।













































