भारत आते ही मुसीबत में फंसी AI कंपनी Anthropic, नाम के पीछे शुरू हुआ विवाद

parmodkumar

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दिग्गज AI कंपनी एंथ्रोपिक को भारत में बड़ी कानूनी चुनौती का सामना करना पड़ा है। विवाद की वजह कुछ और नहीं बल्कि खुद कंपनी का नाम है। दरअसल कर्नाटक की एक कंपनी ने मामला दर्ज किया है कि वे 2017 से Anthropic नाम इस्तेमाल कर रहे हैं। Anthropic के सीईओ डारियो अमोदेई अगले हफ्ते AI Impact Summit में शिरकत करने वाले हैं।

इस बात को लेकर किसी को शक नहीं था कि जब ग्लोबल AI कंपनी भारतीय बाजार में उतरी है, तो उसका मुकाबला यहां की कंपनियों से भी होगा। हालांकि किसी को उम्मीद नहीं थी कि एंथ्रोपिक नाम का इस्तेमाल भारत में सालों पहले से कोई कंपनी कर रही होगी। बता दें कि भारतीय कंपनी ने 1 करोड़ रुपये के हर्जाने की मांग भी की है।

क्या कहना है भारतीय कंपनी का?
कर्नाटक की एक कंपनी ने कमर्शियल कोर्ट में शिकायत दर्ज कराई है कि वे एंथ्रोपिक नाम का काफी समय पहले से इस्तेमाल कर रहे हैं। उनका कहना है कि वह कई सालों से इस नाम का इस्तेमाल करते हुए काम कर रहे हैं। यह कंपनी मोहम्मद अय्याज मुल्ला की है और उनका कहना है कि अमेरिकी कंपनी के भारत में आने से उनके ग्राहकों के बीच भ्रम की स्थिती पैदा हो सकती है।

इस कंपनी ने कोर्ट से मांग की है कि क्योंकि वह पहले से इस नाम का इस्तेमाल कर रहे थे इसलिए उन्हें इस नाम के इस्तेमाल की छूट मिले। इसके साथ ही उन्होंने एक करोड़ रुपये के हर्जाने की मांग भी की है।

भारत आते ही विवाद में फंसी Anthropic
बता दें कि यह विवाद उस समय सामने आया है, जब Anthropic भारत में अपनी जड़ें मजबूत करने के लिए पूरी ताकत लगा रही है। पिछले साल कंपनी भारत में ऑफिस खोलने की घोषणा कर चुकी है। इसके अलावा Anthropic ने हाल ही में माइक्रोसॉफ्ट इंडिया की पूर्व एमडी इरीना घोष को अपना इंडिया हेड नियुक्त किया है।

रिपोर्ट के अनुसार, (REF.) दुनिया का सबसे बड़ा इंटरनेट मार्केट होने की वजह से भारत Anthropic समेत OpenAI जैसी कंपनियों के लिए मुकाबले का मैदान बन चुका है। गौर करने वाली बात है कि अगले हफ्ते AI Impact Summit में Anthropic कंपनी के सीईओ डारियो अमोदेई भी हिस्सा लेंगे।

अब आगे क्या?
इस मामले में 20 जनवरी को हुई सुनवाई में कोर्ट ने अमेरिकी कंपनी को समन जारी किया है। हालांकि कोर्ट ने किसी तरह की कोई अंतरिम रोक नहीं लगाई है। मामले की अगली सुनवाई 16 फरवरी को होगी। भारतीय कंपनी का कहना है कि वह टकराव नहीं स्पष्टता चाहते हैं। हालांकि अगर कोई रास्ता नहीं निकलता, तो उन्हें कानूनी लड़ाई लड़ने में भी कोई समस्या नहीं है। अब देखना होगा कि क्या Anthropic अपना नाम बदल लेती है या फिर दोनों कंपनियों के बीच किसी तरह का समझौता होता है।