AI की पैनी नजर, 24 घंटे में ढूंढ निकाले अपराधी

parmodkumar

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AI अब सिर्फ रोजमर्रा के कामों में ही नहीं, बल्कि अपराधियों को पकड़ने में भी मदद कर रहा है। इस्लामाबाद के पुलिस प्रमुख सैयद नासिर रिजवी ने मंगलवार को बताया कि उन्होंने जाने-माने कारोबारी आमिर अवान की हत्या के मामले को 24 घंटे के भीतर सुलझाने के लिए AI का इस्तेमाल किया। पुलिस ने मंगलवार को बताया कि उन्होंने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डिजिटल सर्विलांस का इस्तेमाल करके अपराध के 24 घंटे के भीतर ही कारोबारी की हत्या के संदिग्धों को गिरफ्तार कर लिया गया।

डिजिटल घेरे में हुई अपराधियों की जांच
Arabnews की रिपोर्ट के अनुसार, पुलिस ने बताया कि आमिर अवान नाम के एक जाने-माने कारोबारी का सोमवार को इस्लामाबाद में उनके ही फार्महाउस पर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस्लामाबाद पुलिस प्रमुख सैयद अली नासिर रिजवी ने बताया कि इस मामले की जांच के दौरान, जांचकर्ताओं ने कई जगहों पर जियो-फेंसिंग (डिजिटली घेरा) की, 250 से ज्यादा कैमरों की फुटेज का विश्लेषण किया और 130 से ज्यादा फोन कॉल्स की डिटेल्स को रिव्यू किया।

6-7 दिन के काम को कम समय में करता है एआई
रिजवी ने पत्रकारों से कहा कि चाहे वह डिजिटल निगरानी हो या कोई और तरीका, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस उस उबाऊ और थका देने वाले डिजिटल काम को बेहद आसान बना देता है, जो पहले 6-7 दिनों के भीतर होता था। इस्लाबाद में AI का यही प्रैक्टिकल इस्तेमाल देखने को मिल रहा है। उन्होंने ये भी कहा कि आम तौर पर इस्लामाबाद में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का उपयोग तो होता ही है, लेकिन यह पहला सबसे पेचीदा और खतरनाक मामला है, जिसमें हमने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का इस्तेमाल किया है। यह मामला पाकिस्तान में पुलिसिंग में टेक्नोलॉजी की बढ़ती भूमिका को दिखाता है।

AI कैसे करता है अपराधियों की पहचान?
आज के दौर में जो काम इंसान को करने में कई दिन लग सकते हैं। वो काम AI कुछ ही घंटों में कर देता है। एआई डेटा और पैटर्न की मदद से अपराधियों को पकड़ने में मदद करता है। फेशियल रिकग्निशन एआई का सबसे बड़ा और उपयोगी हथियार है। भीड़भाड़ वाले इलाकों के सीसीटीवी कैमरों में एआई सॉफ्टवेयर लगा होता है। यह लाखों चेहरों को स्कैन करता है और पुलिस के पास मौजूद ‘वांटेड’ अपराधियों के डेटाबेस से मैच करता है। अगर कोई मैच मिलता है, तो पुलिस को तुरंत अलर्ट मिल जाता है। इसके अलावा, एआई हजारों चैट, फोटो और लोकेशन हिस्ट्री को स्कैन करके काम के सबूत ढूंढ निकाल सकता है। एआई आवाज की फ्रीक्वेंसी से व्यक्ति की उम्र, क्षेत्र और यहां तक कि उसकी पहचान भी उजागर कर सकता है।

क्या है मामला?
अवान की पत्नी आयशा अवान द्वारा दर्ज कराई गई एक पुलिस रिपोर्ट के अनुसार, करीब 2:45 बजे पांच हथियारबंद लोग उनके फार्महाउस में घुस आए। CCTV फुटेज में नकाबपोश संदिग्ध हथियार लिए हुए और बुलेटप्रूफ जैकेट पहने हुए परिसर में प्रवेश करते दिखे। रिपोर्ट में कहा गया है कि जब अवान ने हमलावरों का विरोध किया तो अपराधियों ने उनके पेट में गोली मार दी गई। अस्पताल में इलाज के दौरान चोटों के कारण अवान की मौत हो गई। यह घटना के 24 घंटे से भीतर ही एआई और डिजिट सर्विलांस की मदद से घटना को अंजाम देने वाले सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है।