कुरुक्षेत्र के लाडवा कस्बे के गांव दबखेड़ा में एक युवक ने अपने बेटे की बेल्ट से पत्नी की गला घोटकर हत्या कर दी। बाद में गांव के तालाब में कूदकर खुद भी जान दे दी। दंपती की पहचान रणदीप सिंह (35) और उसकी पत्नी निशा (32) के रूप में हुई। घटना रविवार रात करीब एक बजे की है।
पुलिस की प्राथमिक जांच में हत्या का कारण महिला के पाकिस्तान के युवक के साथ अवैध संबंध सामने आया है। तालाब के ठेकेदार ने सोमवार तड़के करीब तीन बजे वहां लगे सीसीटीवी कैमरे में रात की फुटेज देखी तो उसे रणदीप सिंह कपड़े व चप्पल उतार कर तालाब में छलांग लगाता दिखा। आधे घंटे तालाब में तलाशी अभियान चला शव बाहर निकाला गया।
घटना के बाद पुलिस टीम के साथ लोग घर पहुंचे तो रणदीप की पत्नी घर के कमरे में मृत पड़ी मिली। उसके गले पर बेल्ट के लाल निशान थे। पुलिस को पास की चारपाई पर रणदीप द्वारा लिखा सुसाइड नोट भी बरामद हुआ। घर के दूसरे कमरे में दंपती के दोनों बच्चे सो रहे थे।
पुलिस को दी शिकायत में रणदीप सिंह के ताऊ के बेटे मोहन सिंह ने बताया कि अब घर में सिर्फ रणदीप की बुजुर्ग मां के अलावा 11 और सात साल के दो छोटे बच्चे हैं।
थाने गया था रिपोर्ट लिखाने कोई नहीं मिला तो लौट आया
सरपंच प्रतिनिधि स्वर्ण सिंह ने बताया कि रणदीप रविवार को उनके घर आया और उसने अपनी पत्नी से पीछा छुड़वाने के लिए तलाक देने की बात कही। जब इसका कारण पूछा तो विदेशी नंबर से चैट दिखाकर पत्नी पर संदेह जताया। उसने युवक को पुलिस थाने में जाकर शिकायत करने की बात कही। रविवार को रणदीप थाने में भी गया था। थाने के बाहर शिकायत लिखने वाला नहीं मिला तो वापस घर लौट आया।
पाकिस्तानी नंबर से बातचीत और पैसे ट्रांसफर की हुई पुष्टि
लाडवा थाना प्रभारी जगदीश टामक ने बताया कि शुरुआती जांच में पाकिस्तानी नंबर से कॉल के बाद पैसे ट्रांसफर की बात सामने आई है। पुलिस इसे पति-पत्नी के बीच मनमुटाव का मामला मान रही है। इसी वजह से दोनों ने सुसाइड किया या कोई और वजह है जांच के बाद साफ होगा।
कोई भांप नहीं पाया रणदीप के इरादे… पहले करना चाहता था आत्महत्या
लाडवा के गांव दबखेड़ा में पत्नी की हत्या कर खुद आत्महत्या करने वाले रणदीप पूरा दिन पत्नी के साथ प्यार से रहा और रात को उसे मौत के घाट उतार दिया। उसके इरादों को कोई भांप नहीं पाया था। वह अपनी पत्नी से काफी परेशान चल रहा था।
इसके कारण उसने रविवार को गांव के सरपंच प्रतिनिधि के समक्ष अपनी मां के साथ पेश होकर पत्नी से तलाक दिलवाने की गुहार लगाई थी। सरपंच ने रणदीप को कोर्ट में याचिका दायर करने की राय दी।
पुलिस जांच में मौके से सुसाइड नोट मिला जिसमें रणदीप ने पत्नी पर गंभीर आरोप लगाए। नोट में लिखा गया कि निशा का किसी अज्ञात व्यक्ति से अवैध संबंध था। वह उसके साथ व्हाट्सएप पर लगातार संपर्क में रहती थी, घर के गहने बेचकर पैसे भेजती थी।
परिवार वालों ने बताया कि दंपती के बीच लंबे समय से झगड़े चल रहे थे। वारदात की रात भी निशा के फोन पर उस नंबर से पांच से छह बार कॉल आई थी। रणदीप पत्नी की हरकतों से मानसिक रूप से परेशान था।
अंत में निशा उसे तलाक देने की मांग करने लगी। साथ ही रणदीप के फोन पर भी पाकिस्तानी नंबर से कई बार कॉल आई और निशा को तलाक देने की बात कही। रणदीप उसे तलाक देने के लिए तैयार भी हो गया था।
तलाक की गुहार, फिर गुरुद्वारे में बिताई शाम
रविवार को रणदीप अपनी मां के साथ गांव के सरपंच प्रतिनिधि से मिला और तलाक की फरियाद की। सरपंच ने सलाह दी कि कोर्ट का दरवाजा खटखटाओ। शाम को रणदीप पत्नी निशा के साथ बाबैन के मंडोखरा साहिब गुरुद्वारे गया। दोनों ने वहां काफी वक्त बिताया, लंगर खाया और देर शाम घर लौटे। बाहर से सब कुछ सामान्य लग रहा था। उसने रात में पहले आत्महत्या का इरादा किया, सुसाइड नोट लिखा। फिर पत्नी को मौत के घाट उतार दिया। इसके बाद खुद तालाब में कूद गया।
दूसरे कमरों में सो रहे परिजन को कुछ पता नहीं चला
रणदीप ने पूरी साजिश इतनी चालाकी से रची कि घर में बगल वाले कमरों में सो रहे परिजनों को कुछ पता नहीं चला। सुबह जब रणदीप का शव तालाब से निकाला गया और सरपंच पुलिस के साथ घर पहुंचा, तो मां के पैरों तले जमीन खिसक गई। रोते-बिलखते उन्होंने दोनों पोतों को सीने से लगा लिया।
थाने जाने की चर्चा लेकिन शिकायत नहीं हुई
गांव में अफवाह उड़ी कि सरपंच से मिलने के बाद रणदीप थाने भी गया था और निशा की शिकायत दर्ज कराने की कोशिश की लेकिन लिखित शिकायत मांगने पर वह लौट आया। क्योंकि रविवार होने के कारण उसे वहां टाइपिस्ट नहीं मिला। हालांकि थाना प्रभारी जगदीश टामक ने कहा कि रणदीप थाने नहीं आया, न मौखिक और न लिखित कोई शिकायत दी गई।
सोशल मीडिया से शुरू हुई थी नजदीकियां
पुलिस सूत्रों के अनुसार निशा का किसी अज्ञात व्यक्ति से सोशल मीडिया पर संपर्क हुआ था। वह उसे मॉडलिंग के सपने दिखाकर करीब लाया और कई फोटो मंगवाए। धीरे-धीरे नजदीकियां बढ़ीं जिसने घर की नींव हिला दी। पुलिस दोनों के मोबाइल फोन की गहन जांच कर रही है। बेल्ट, दुपट्टा और सुसाइड नोट बरामद कर लिया गया है।
एक चिता पर ही हुआ दंपती का अंतिम संस्कार
लोकनायक जयप्रकाश जिला नागरिक अस्पताल में पोस्टमार्टम के बाद दंपती के शवों को परिजनों के हवाले कर दिया गया। देर रात गांव के श्मशान घाट में एक चिता पर ही दंपती का अंतिम संस्कार कर दिया गया। निशा के रिश्तेदार भी अंतिम संस्कार में शामिल हुए। सरपंच प्रतिनिधि स्वर्ण सिंह ने बताया कि निशा के माता-पिता व भाई नहीं हैं।














































